मुख्यमंत्री डॉ. यादव का जल संसाधन मंत्री सिलावट ने किया धन्यवाद ज्ञापित
भोपाल.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में बुधवार को संपन्न राज्य मंत्री परिषद की बैठक में प्रदेश के किसानों की कृषि सिंचाई जलकर राशि में से ब्याज राशि (शास्ति दण्ड) माफ करने का लिया निर्णय गया है. वर्ष 2000 से आज दिनांक तक, 25 वर्षों में कृषकों पर सिंचाई जलकर, मूल राशि रू. 563.29 करोड़ (पांच सौ तिरसठ करोड़ उनतीस लाख) बकाया है। इसमें ब्याज राशि (दण्ड राशि) रू. 84 करोड़ 17 लाख है. जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने इस किसान हितेषी निर्णय के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का धन्यवाद ज्ञापित किया है. इससे प्रदेश के लगभग 35 लाख किसान लाभान्वित होगें.
मंत्री सिलावट ने बताया कि प्रदेश में कृषि सिंचाई राजस्व की कारगर वसूली एवं चुनौतियों के समाधान तथा कृषकों की आर्थिक स्थिति को दृष्टिगत रखते हुये दिनांक 01.04.2025 तक की कुल बकाया जलकर राशि एकमुश्त जमा करने की सुविधा प्रदान की जाएगी. यदि कृषक उनके बकाया सिंचाई जलकर की मूल राशि एकमुश्त दिनांक 31.03.2026 तक जमा करते हैं तो अधिरोपित शास्ति (दांडिक ब्याज) की राशि माफ की जावेगी।
इसका लाभ उन किसानों को प्रदाय किया जावेगा, जो कि उन पर बकाया मूल राशि एकमुश्त जमा करेंगे। वित्त विभाग द्वारा इस अल्पकालीन सुविधा पर सहमति प्रदान की गई है.
जल संसाधन मंत्री ने बताया कि राज्य शासन द्वारा पूर्व में भी कृषको को दांडिक ब्याज से मुक्ति प्रदान की गई थी, जिसके सकारात्मक परिणाम प्राप्त हुये तथा शासन को भी एकमुश्त राजस्व राशि प्राप्त हुई थी। वर्तमान में यह सुविधा पुनः प्रदान की जाएगी. इससे मध्यप्रदेश सरकार को एकमुश्त राजस्व प्राप्ति तो होगी ही, बड़ी संख्या में प्रदेश के किसान भी लाभान्वित होंगे
