“अब नहीं तो कब?”—कटनी से उठी महिला आरक्षण लागू करने की जोरदार मांग
कटनी:
महिला सशक्तिकरण को लेकर एक बार फिर आवाज बुलंद हुई है। अखिल भारतीय महिला कांग्रेस के आह्वान पर कटनी में “महिला आरक्षण बिल 2023 लागू करो, अभी करो” अभियान की प्रभावशाली शुरुआत की गई। यह अभियान राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा और प्रदेश अध्यक्ष रीना बौरासी के निर्देश पर चलाया जा रहा है।
प्रदेश महासचिव सौम्या राँधेलिया के नेतृत्व में शुरू हुए इस अभियान में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। अभियान के तहत शहर के अलग-अलग वार्डों से महिलाएं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम पोस्टकार्ड भेज रही हैं, जिसमें लोकसभा की 543 सीटों में 33 प्रतिशत महिला आरक्षण को तुरंत लागू करने की मांग प्रमुख रूप से उठाई जा रही है।
बुधवार को मुख्य डाकघर परिसर के सामने अभियान का शुभारंभ हुआ, जहां बड़ी संख्या में महिलाओं ने एकत्र होकर पोस्टकार्ड लिखे। इन पोस्टकार्ड्स में सिर्फ सामान्य आरक्षण ही नहीं, बल्कि एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग की महिलाओं को भी इसमें तत्काल शामिल करने की मांग को प्रमुखता दी गई।
महिला कांग्रेस पदाधिकारियों ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि महिला आरक्षण के नाम पर परिसीमन प्रक्रिया को आगे बढ़ाकर महिलाओं को भ्रमित किया जा रहा है। उनका कहना है कि महिला आरक्षण बिल 2023 संसद में पारित हो चुका है, लेकिन इसे लागू करने में अनावश्यक देरी की जा रही है, जो महिलाओं के साथ अन्याय है।
इस दौरान अजय खटिक, अजय जसवानी, माया चौधरी, मीनाक्षी वल्लवी, हेमा शर्मा, मुमताज बानो, मनीषा सोलंकी, नीरा सोनी, रेणुका निषाद, मीरा सिंह, गुड्डी सिंह, सुमन सेन सहित बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी उपस्थित रहीं।

