भोपाल के ट्रेन मैनेजर की सतर्कता एवं त्वरित निर्णय से महिला यात्री की बची जान
भोपाल:
पश्चिम मध्य रेल के भोपाल मंडल में कार्यरत ट्रेन मैनेजर अभिषेक परसाई की सतर्कता, त्वरित निर्णय क्षमता एवं कर्तव्यनिष्ठा के कारण मंगलवार को एक महिला यात्री की जान बच गई। उनकी सूझबूझ से एक संभावित गंभीर दुर्घटना टल गई तथा रेल प्रशासन की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत हुआ।
घटना दिनांक 30 जून 2026 की है। अभिषेक परसाई गाड़ी संख्या 12854 अमरकंटक एक्सप्रेस में ट्रेन मैनेजर के रूप में ड्यूटी पर कार्यरत थे। निर्धारित समयानुसार ट्रेन को सायं 4:00 बजे भोपाल स्टेशन के प्लेटफॉर्म क्रमांक-4 से रवाना किया गया। ट्रेन चलने के तुरंत बाद एक महिला यात्री ने चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास किया, तभी उसका पैर फिसल गया और वह कोच के नीचे जाने लगी।
इस गंभीर स्थिति पर ट्रेन मैनेजर परसाई की नजर पड़ते ही उन्होंने बिना किसी विलंब के अपने ब्रेकवान से प्रेशर ड्रॉप कर ट्रेन को तत्काल रोक दिया। उनकी त्वरित कार्रवाई के कारण महिला यात्री को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और एक बड़ी दुर्घटना टल गई।
इसके बाद घायल महिला को ब्रेकवान में लाकर प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड) प्रदान किया गया तथा घटना की सूचना संबंधित अधिकारियों को तत्काल दी गई। साथ ही, आगे के उपचार हेतु इटारसी स्टेशन पर चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने के लिए भी संदेश प्रेषित किया गया।
घटना में घायल महिला यात्री सीमा ठाकुर, जो भोपाल से पिपरिया की यात्रा कर रही थीं, को समय पर सहायता उपलब्ध कराई गई।
भोपाल मंडल रेल प्रशासन ने ट्रेन मैनेजर अभिषेक परसाई की तत्परता, साहस एवं कर्तव्यपरायणता की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सजगता से न केवल एक महिला यात्री का जीवन सुरक्षित हुआ, बल्कि रेलवे की सुरक्षा संस्कृति एवं यात्रियों के प्रति संवेदनशीलता का भी उत्कृष्ट परिचय मिला।
भोपाल मंडल रेल प्रशासन यात्रियों से अपील करता है कि अपनी सुरक्षा के लिए कभी भी चलती ट्रेन में चढ़ने या उतरने का प्रयास न करें। ट्रेन पूरी तरह रुकने के बाद ही सुरक्षित रूप से चढ़ें अथवा उतरें।

