मध्यप्रदेश में राजस्व संग्रहण 11.37 प्रतिशत बढ़ा, अप्रैल से सितम्बर 2026 तक मिले 44,711 करोड़ रुपये
भोपाल :
वाणिज्यिक कर, आबकारी और पंजीयन-मुद्रांक विभागों ने हासिल किया छह माह के लक्ष्य का 94.25 प्रतिशत
विभागीय आंकड़ों के अनुसार, वाणिज्यिक कर विभाग ने छह माह में 28,385 करोड़ रुपये, आबकारी विभाग ने 9,769 करोड़ रुपये तथा पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग ने 6,557 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है।
वाणिज्यिक कर विभाग का योगदान सर्वाधिक
वाणिज्यिक कर विभाग ने अप्रैल से सितंबर तक 30,686 करोड़ रुपये के लक्ष्य के विरुद्ध 28,385 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त किया, जो यह लक्ष्य का 92.50 प्रतिशत है। पिछले वर्ष की समान अवधि में विभाग ने 26,052 करोड़ रुपये जुटाए थे। इस प्रकार विभाग के राजस्व में 8.96 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
आबकारी विभाग ने लक्ष्य का 98.68 प्रतिशत हासिल किया
आबकारी विभाग ने छह माह में 9,900 करोड़ रुपये के निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 9,769 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है। यह लक्ष्य का 98.68 प्रतिशत है। पिछले वर्ष की समान अवधि में प्राप्त 8,295 करोड़ रुपये की तुलना में राजस्व संग्रहण में 17.77 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। तीनों विभागों में आबकारी विभाग लक्ष्य प्राप्ति के सबसे करीब रहा।
पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग के राजस्व में 13.06 प्रतिशत वृद्धि
पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग ने अप्रैल से सितंबर तक 6,853 करोड़ रुपये के लक्ष्य के विरुद्ध 6,557 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त किया। यह निर्धारित लक्ष्य का 95.68 प्रतिशत है। पिछले वित्तीय वर्ष की समान अवधि में विभाग ने 5,800 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया था। इस बार इसमें 13.06 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
अप्रैल और सितंबर में बेहतर प्रदर्शन
माह अप्रैल 2026 में तीनों विभागों ने संयुक्त रूप से 7,411 करोड़ रुपये के लक्ष्य के विरुद्ध 7,938 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त किया, जो लक्ष्य का 107.11 प्रतिशत है। पिछले वर्ष की तुलना में 35.74 प्रतिशत की वृद्धि हुई। माह सितंबर 2026 में भी तीनों विभागों ने 6,936 करोड़ रुपये के लक्ष्य के विरुद्ध 6,676 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया। यह लक्ष्य का 96.25 प्रतिशत है। पिछले वर्ष सितंबर माह की तुलना में इस माह राजस्व संग्रहण 12.89 प्रतिशत अधिक रहा।
