डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने पद की लालसा न रखते हुए देश की अखंडता के लिए किया कार्य : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल :
प्रखर राष्ट्रवादी विचारक डॉ. मुखर्जी ने पहली बार अहसास कराया कि भारत का अभिन्न अंग है जम्मू-कश्मीर
प्रधानमंत्री मोदी ने जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाकर विकास के नए द्वार खोले
देश का मोर-मुकुट है जम्मू-कश्मीर
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने डॉ. मुखर्जी के बलिदान दिवस पर श्रद्धासुमन अर्पित किए
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महान शिक्षाविद् और हमारे मार्गदर्शक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने पहली बार यह अहसास कराया कि जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है, देश का मोर मुकुट है। डॉ. मुखर्जी युवाकाल में कुलपति बने और उन्होंने बंगाल के कई आंदोलनों में भाग लेकर नागरिकों को बताया कि देश के विकास में हमारा योगदान किस प्रकार का होना चाहिए। डॉ. मुखर्जी जब केंद्र में आपूर्ति एवं कपड़ा मंत्री बने तो उनका हर निर्णय सराहनीय रहा। मां भारती की सेवा, लोक-कल्याण और कमजोर वर्ग के उत्थान के लिए उनका मार्गदर्शन भारत के निर्माण का आधार है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश को धारा 370 से मुक्ति दिलाई और ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से पड़ोसी देश को स्पष्ट संदेश दिया। भारत सरकार के इस फैसले के साथ देश में हर वर्ग का व्यक्ति खड़ा था। कश्मीर में 1947 में ही विकास के द्वार खुल जाने चाहिए थे। अब प्रधानमंत्री मोदी ने रेलवे नेटवर्क, पर्यटन और धार्मिक पर्यटन सहित अनेक क्षेत्रों में जम्मू-कश्मीर की समृद्धि के लिए कार्य किए हैं।
इस अवसर पर वरिष्ठ सांसद वी.डी. शर्मा, विधायक भगवानदास सबनानी, भोपाल की महापौर मालती राय, समाजसेवी हितानंद शर्मा, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी, रवींद्र यति, राहुल कोठारी सहित जनप्रतिनिधि एवं समाजसेवी उपस्थित थे।

